देहरादून/उत्तराखंड, संजीव मेहता। भाजपा के प्रदेश सह मीडिया प्रभारी विकास तिवारी ने कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि जनता अब कांग्रेस के झूठे वादों को पूरी तरह नकार चुकी है। उन्होंने कहा कि भाजपा के लिए व्यक्ति नहीं, बल्कि विचार सर्वोपरि हैं, और यही कारण है कि आज पार्टी विश्व की सबसे बड़ी राजनीतिक शक्ति बन चुकी है।


🔶 “विचारधारा से समझौता नहीं”
तिवारी ने स्पष्ट किया कि भाजपा में वही लोग टिकते हैं जो पार्टी की नीति, रीति और सिद्धांतों के अनुरूप चलते हैं। जो लोग पार्टी से बाहर गए हैं, वे या तो निष्कासित किए गए थे या विचारधारा में फिट नहीं बैठे।


🔷 “कांग्रेस = डूबता जहाज़”
कांग्रेस पर हमला जारी रखते हुए उन्होंने कहा—
👉 “तिनके के सहारे समंदर पार हो सकता है, लेकिन डूबते जहाज़ से नहीं… और कांग्रेस आज वही डूबता जहाज़ है।”

तिवारी के अनुसार, कांग्रेस आज नेतृत्वहीन, विचारहीन और आंतरिक कलह से जूझ रही पार्टी बन चुकी है।


🔶 “प्रदेश में संगठन शून्य”
उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में कांग्रेस का संगठन पूरी तरह कमजोर हो चुका है। हालात ऐसे हैं कि पार्टी के नेता एक साथ बैठने तक में असमर्थ हैं, और हर छोटी-बड़ी बैठक के लिए दिल्ली का रुख करना पड़ रहा है।


🔷 “ज्वाइनिंग भी दिल्ली में, भरोसा भी नहीं”
तिवारी ने कहा कि कांग्रेस में शामिल होने वाले नेताओं को प्रदेश नेतृत्व पर भरोसा नहीं है, जबकि केंद्रीय नेतृत्व उन्हें महत्व नहीं देता। इसी वजह से ज्वाइनिंग भी प्रदेश में नहीं, बल्कि दिल्ली में हो रही है।


🔶 “उम्मीदवारों का भी संकट”
उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस के पास दो-तिहाई विधानसभा सीटों पर लड़ने के लिए उम्मीदवार तक नहीं हैं।
👉 “70 संभावित उम्मीदवार भी आयातित करने पड़ रहे हैं, ऐसे में जीत दूर की बात है।”


🔷 “ठगबंधन, न कि गठबंधन”
तिवारी ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि यह किसी विचारधारा का गठबंधन नहीं, बल्कि आपसी स्वार्थ और भ्रम का “ठगबंधन” है।


🔶 नेताओं पर आरोप
उन्होंने कहा कि कांग्रेस में शामिल हो रहे अधिकांश नेता पहले से कांग्रेसी पृष्ठभूमि के हैं या भाजपा से किसी आरोप के चलते निकाले गए हैं। कुछ पर भ्रष्टाचार और खरीद-फरोख्त जैसे गंभीर आरोप भी रहे हैं।


🟢 निष्कर्ष:
विकास तिवारी ने अंत में कहा कि भाजपा सेवा और जनता के प्रति समर्पित पार्टी है, और किसी के आने-जाने से पार्टी की मजबूती पर कोई असर नहीं पड़ता